भारत

अंबेडकर का पुस्तकों के प्रति प्रेम अद्वितीय था।
सेजल ने एक वीडियो स्टेटमेंट जारी कर माफ़ी मांगी और कहा कि यह उनका पहला कॉमेडी शो था और उन्हें अंदाजा नहीं था कि 3 महीने भर पहले की गई बात का इतना बड़ा मुद्दा बन जाएगा।
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके 6 जून को जब दिल्ली एयरपोर्ट से बाहर निकले तो उनके हाथों में बाबा साहब की एक किताब थी।
राजस्थान वित्त आयोग के अध्यक्ष (केबिनेट मंत्री) डॉ. अरुण चतुर्वेदी को मांग पत्र देते हुए एक्टिविस्ट्स
Gauri Lankesh murder trial
Naga men killed in Manipur
युवती को निर्देश दिया गया कि वह अपनी लोकेशन पुलिस के साथ शेयर करे और घर से बाहर न निकले। अगर बाहर निकलती है तो लाइव लोकेशन भेजना अनिवार्य होगा, नहीं तो कार्रवाई होगी।
कल पटना में और रविवार को आरा में छात्र संगठनों के नेतृत्व में धरने-प्रदर्शन हुए, जिसमें AISA की सक्रिय भूमिका रही।
अभिजीत दीपके बोले, " कल हममें से हज़ारों लोगों ने इतिहास रचा। जंतर-मंतर पर हमारे शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन ने सरकार को दिखा दिया कि जब हम एकजुट होते हैं, तो 'कॉकरोच' क्या-क्या कर सकते हैं।"
अपने संबोधन में दीपके ने सरकार द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले 'कॉकरोच' शब्द को ही अपनी ताकत बताया।
इस प्रदर्शन को लेकर सोशल मीडिया पर मुस्लिम समुदाय के कई प्रभावशाली आवाजों ने मुस्लिम युवाओं से विशेष अपील की है कि वे इस कार्यक्रम से पूरी तरह दूर रहें।
कॉकरोच जनता पार्टी के समर्थक सुबह से ही जंतर-मंतर पहुंचने शुरू हो गए थे। अनुमति मिलने के बाद प्रदर्शन औपचारिक रूप से शुरू हो गया है।
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