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शीतल ने बताया पुलिस ने सोमवार को मोती नगर थाने में दोनों पक्षों के बीच समझौता कराया;उसके  ₹17,741 का लंबित वेतन भुगतान कर दिया गया, कैफे प्रबंधन ने चोरी की शिकायत वापस ली और दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ आगे कोई कानूनी कार्रवाई न करने का लिखित अंडरटेकिंग दिया।
Geetha Sunil Pillai
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14 सितंबर को 'द मूकनायक' ने शीतल की शिकायत के आधार पर रिपोर्ट प्रकाशित की थी। रिपोर्ट में कैफे संचालक और दिल्ली पुलिस की सेवारत महिला कांस्टेबल पर शीतल द्वारा लगाए गए आरोपों को सामने रखा गया था। शीतल ...
 4 सितंबर को भारद्वाज की गिरफ्तारी हुई
Kanjhawala Mandal Adhyaksh Sunil
शीतल ने बताया कि कैफे की रसोई में ग्राहकों के लिए इस्तेमाल होने वाले पाम ऑयल, बासी  फफूंद लगी ब्रेड और एक्सपायरी सामान को लेकर उन्होंने आपत्ति जताई थी। बाद में उसकी जाति की जानकारी होने के बाद उसके प्रति व्यवहार बदल गया और हेल्परों को हटाकर कैफे की सफाई, झाड़ू-पोछा और देर रात तक जूठे बर्तन साफ करने का अतिरिक्त काम उन पर डाल दिया गया।
पोस्टर में शूद्रों की भूमिका के तौर पर “उच्च वर्गों की सेवा करना” लिखे होने पर सबसे ज्यादा आपत्ति सामने आई और इसे जातिगत पदानुक्रम को बढ़ावा देने वाला बताया गया।
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