
कन्नौज- यूपी के कन्नौज जिले के गुरसहायगंज क्षेत्र स्थित गुगरापुर पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय में गुरुवार सुबह एक अनोखा दृश्य देखने को मिला। स्कूल के छोटे-छोटे बच्चों ने स्कूल के बाहर आकर प्रदर्शन किया और जोरदार नारे लगाए- “प्रिंसिपल साहब हटाए जाएं… प्रिंसिपल साहब हटाए जाएं…”
बच्चों को विरोध करते देख इंचार्ज प्रधानाध्यापक राकेन्द्र सक्सेना अपनी कार से वापस लौटने लगे। तभी स्कूल गेट पर ही बच्चों ने उनकी कार को घेर लिया। थोड़ी देर में अभिभावक और कई शिक्षक भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने भी प्रभारी प्रधानाध्यापक का विरोध किया। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस बुलानी पड़ी।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि प्रभारी प्रधानाध्यापक बच्चों के साथ अक्सर मारपीट करते हैं और स्कूल स्टाफ के साथ अभद्रता करते हैं। बच्चों को कंप्यूटर सिखाने के नाम पर झाड़ू-पोछा करवाया जाता है। गणित और विज्ञान के शिक्षक नियमित रूप से नहीं आते। अभिभावकों का कहना है कि शिकायत करने पर उनके साथ बदसलूकी की जाती है। भेदभाव और जातिवाद को बढ़ावा देने के आरोप भी लगाए गए। कई शिक्षक भी बच्चों के समर्थन में खड़े दिखे। विद्यालय में करीब 500 छात्र हैं। प्रदर्शन में कई छात्र-छात्राएं और उनके अभिभावक शामिल रहे।
छात्र-छात्राएं और उनके अभिभावक स्कूल के बाहर खराब रोड पर खड़े होकर नारेबाज़ी करने लगे। बच्चे लगातार नारे लगा रहे थे कि प्रिंसिपल साहब हटाए जाएं। अभिभवकों ने कथित तौर पर हेड मास्टर पर भेदभाव और अभद्रता करने का आरोप लगाया।
कार के पास पहुंचे कुछ अभिभावक स्कूल में जातिवाद को बढ़ावा देने और हरे पेड़ कटवाने का आरोप लगा रहे थे। बताया जाता है कि आक्रोश बढ़ता देख हेड मास्टर वहां से चले गए। स्कूल की एक छात्रा ने आरोप लगाया कि शिक्षक कहते हैं कि कबूतरी बनाकर उड़ा देंगे। गणित और विज्ञान के शिक्षक नहीं आते हैं। जब पिता स्कूल में शिकायत करने गए, तो उनसे अभद्रता की गई।
इंचार्ज प्रधानाध्यापक राकेन्द्र सक्सेना ने आरोपों से इनकार करते हुए इसे पूरी तरह से नियोजित साजिश बताया। उन्होंने कहा, “मैंने राज्य अध्यापक पुरस्कार के लिए आवेदन किया था, तो दुर्भावनावश यह सब हुआ। बच्चे हमारे खिलाफ खुद प्रदर्शन नहीं कर रहे थे। यहां 500 से ज्यादा बच्चे हैं। सिर्फ 5-10 बच्चों को सिखाकर और बिस्कुट बांटकर प्रदर्शन करवाया गया है। कुछ बच्चे हमारे पक्ष में भी बोल रहे हैं। बच्चे तो कच्ची मिट्टी के घड़े हैं, जैसा ढालोगे वैसा ढल जाते हैं। इसमें हमारे अध्यापकों की साजिश है, क्योंकि हम अनुशासन बनाए रखना चाहते हैं। इसलिए हमारे खिलाफ यह षड्यंत्र रचा गया।” सक्सेना ने यह भी कहा कि उन्होंने राज्य अध्यापक पुरस्कार के लिए आवेदन किया था जो कुछ टीचर्स को अच्छा नहीं लगा और इसी वजह से बच्चों को बिस्कुट बांटकर उनसे प्रदर्शन करवाया गया बाकी बच्चों को उनसे कोई नाराजगी नहीं है।
उन्होंने आगे कहा कि बच्चों को प्रदर्शन के लिए स्कूल से बाहर लाया गया और कुछ अभिभावक व अन्य लोग उन्हें दिशा-निर्देश दे रहे थे। अधिकारियों ने उन्हें स्कूल से जाने के लिए कहा था, लेकिन उनकी गाड़ी रोक ली गई।
प्रधानाध्यापक ने यह भी कहा की जिस बच्ची ने उनपर आरोप लगाया है, उसके पिता पूर्व में आईजीआरएस पर प्रिसिपल पर हरे पेड़ कटवाने की शिकायत दे चुके हैं और अब अपनी बच्ची से शिकायत करवा रहे हैं।
इस मामले में सोशल मीडिया पर प्रदर्शन की क्लिप वायरल होने पर कन्नौज पुलिस ने बताया कि 20 अगस्त को पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय गुगरापुर में छात्रों एवं अभिभावकों के एकत्र होने की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और स्थिति की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी। तहसीलदार सदर, नायब तहसीलदार एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों से वार्ता की तथा छात्रों को कक्षाओं में भेजकर शिक्षण कार्य सुचारू कराया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा संबंधित शिकायती ज्ञापन प्राप्त कर लिया गया है। वर्तमान में विद्यालय में पठन-पाठन कार्य सामान्य रूप से संचालित हो रहा है।जांच के बाद आगे की कार्रवाई शिक्षा विभाग द्वारा की जाएगी।
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