
तिरुवनंतपुरम - केरल के प्रतिष्ठित सोपाना संगीत कलाकार नजेरलाथु हरिगोविंदन ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) में शामिल होने के बाद उन्हें अप्रैल माह में पाँच मंदिर कार्यक्रमों से बाहर कर दिया गया। यह विवाद केरल विधानसभा चुनाव 2026 के तुरंत बाद सामने आया है।
सोपाना संगीत वह पारंपरिक भक्ति संगीत है जो मंदिर के गर्भगृह की ओर जाने वाली पवित्र सीढ़ियों के पास गाया जाता है। सोपाना संगीत कभी केवल मंदिरों के अनुष्ठानों तक ही सीमित था, जिसे हरिगोविंदन के पिता, नेरालथु रामपोथुवल ने बड़े स्तर पर दर्शकों तक पहुँचाया। इस विरासत को आगे बढ़ाते हुए, हरिगोविंदन ने भारत और विदेशों में लगभग 5,000 मंचों पर प्रदर्शन करके इस कला रूप को और भी अधिक लोकप्रिय बनाया है। केरल संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार सहित कई सम्मानों से सम्मानित हरिगोविंदन ने कला से संबंधित तीन पुस्तकें भी लिखी हैं।
हरिगोविंदन ने 27 मार्च 2026 को मलप्पुरम के पनक्काड में IUML के राज्य अध्यक्ष पनक्काड सादिकली शिहाब थंगल से पार्टी की सदस्यता ग्रहण की थी। इस अवसर पर वरिष्ठ मुस्लिम लीग नेता KNA खादर सहित कई नेता उपस्थित थे।
पार्टी में शामिल होने के बाद हरिगोविंदन ने कहा कि वे IUML की "सार्वभौमिक मानवता" की विचारधारा से आकर्षित हुए। उन्होंने कहा, "धर्म और जाति के नाम पर लोगों को विभाजित करने के प्रयास बढ़ रहे हैं। ऐसे समय में कलाकारों की जिम्मेदारी है कि वे इन विभाजनकारी प्रवृत्तियों के खिलाफ खड़े हों।"
नयी पार्टी में शामिल होने के बाद वे ट्रोल किये जा रहे थे, हरिगोविंदन ने बताया कि IUML में शामिल होते ही विवाद शुरू हो गया। उनके मुताबिक अप्रैल में उनके पाँच मंदिर कार्यक्रम रद्द कर दिए गए। कई मंदिर समितियों ने जिनमें CPM और RSS समर्थकों का प्रभाव है, उन्हें सूचित किया कि उनकी IUML सदस्यता के कारण कुछ सदस्यों को आपत्ति है।
हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस निर्णय पर उन्हें कोई शिकायत या पछतावा नहीं है, पर उन्होंने समाज की बड़ी दिशा को लेकर चिंता जताई।
हरिगोविंदन ने बताया कि IUML में शामिल होने के तुरंत बाद CPM से जुड़े परिचितों के फोन आने लगे, जिन्होंने मुस्लिम लीग को "सांप्रदायिक पार्टी" बताया। इसके बाद उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोल किया गया।
उन्होंने कहा, "AI से बनाई गई मेरी तस्वीरें, जिनमें मुझे मुस्लिम टोपी पहने दिखाया गया, वायरल की गईं। यह मेरे लिए सबसे पीड़ादायक अनुभव था। ऐसी सामग्री बनाने वालों के खिलाफ पुलिस को कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए, क्योंकि यह सांप्रदायिक ध्रुवीकरण भड़का सकती है।"
हरिगोविंदन ने उन अफवाहों का भी खंडन किया जिनमें दावा किया जा रहा था कि उन्होंने इस्लाम धर्म अपना लिया है। उन्होंने कहा "कुछ लोग सुझाव दे रहे हैं कि मैंने मुस्लिम लीग में शामिल होने के कारण इस्लाम अपना लिया। यह बिल्कुल सच नहीं है।"
उन्होंने चूरलमाला-मुंडक्काई भूस्खलन पीड़ितों के गृहप्रवेश समारोह का उल्लेख करते हुए कहा कि उस आयोजन में सभी लाभार्थियों के साथ उनकी धार्मिक पृष्ठभूमि के बावजूद समान व्यवहार किया गया, जो IUML के धर्मनिरपेक्ष दृष्टिकोण को दर्शाता है।
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