
उत्तर प्रदेश: फिरोजाबाद जिले के शिकोहाबाद इलाके से एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है। चोरी के आरोपी पति को गिरफ्तार करने गई पुलिस टीम पर एक गर्भवती महिला के पेट में लात मारने का गंभीर आरोप लगा है। इस कथित क्रूरता के कारण महिला की मौत हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने दो सब-इंस्पेक्टरों समेत छह पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
अपर पुलिस अधीक्षक (नगर) रविशंकर प्रसाद ने इस प्रशासनिक कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पुलिस अधीक्षक आदित्य लंगे ने सोमवार, 14 सितंबर को लापरवाही बरतने के आरोप में उपनिरीक्षक धर्मपाल सिंह और सत्यपाल सिंह को सस्पेंड कर दिया है। इनके साथ ही हेड कांस्टेबल मोहन सिंह व अरविंद कुमार और कांस्टेबल भवतोष कुमार व कुलदीप कुमार पर भी निलंबन की गाज गिरी है।
पीड़ित परिवार के अनुसार, रविवार रात करीब 11:45 बजे सब-इंस्पेक्टर धर्मपाल सिंह पुलिस टीम के साथ लभउआ गांव स्थित गौरव के घर पहुंचे थे। पुलिस चोरी के एक मामले में 32 वर्षीय गौरव को गिरफ्तार करने आई थी। परिजनों का आरोप है कि जब गौरव की 28 वर्षीय गर्भवती पत्नी अंजलि ने पुलिस से अपने पति को न ले जाने की गुहार लगाई, तो धर्मपाल सिंह ने उसके पेट में जोरदार लात मार दी, जिससे वह जमीन पर गिर पड़ी।
पुलिस द्वारा गौरव को गिरफ्तार कर ले जाने के बाद अंजलि की हालत तेजी से बिगड़ने लगी। उसे तुरंत शिकोहाबाद के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। सोमवार (14 सितंबर) की सुबह उसने एक बेटे को जन्म दिया। हालांकि, जन्म के बाद नवजात की हालत बेहद नाजुक होने के कारण उसे बेहतर इलाज के लिए आगरा रेफर कर दिया गया।
इधर डिलीवरी के बाद अंजलि की तबीयत और ज्यादा बिगड़ गई। आनन-फानन में उसे फिरोजाबाद के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों का कहना है कि अंजलि की मौत की खबर मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और उन्होंने गौरव को रिहा कर दिया। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस थाने के बाहर जमकर हंगामा और विरोध प्रदर्शन किया।
अंजलि की मौत के बाद पुलिस ने भारी सुरक्षा बलों की मौजूदगी में सोमवार देर रात महिला का पोस्टमार्टम करवाया। उसी रात कड़ी सुरक्षा के बीच उसका अंतिम संस्कार भी कर दिया गया।
इस संवेदनशील मुद्दे ने मंगलवार, 15 सितंबर को एक बड़ा राजनीतिक रूप ले लिया। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव रामजीलाल सुमन ने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ शिकोहाबाद पुलिस स्टेशन पर धरना दिया। उन्होंने इस घटना में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करने की सख्त मांग की।
धरने के दौरान रामजीलाल सुमन ने कहा कि उन्होंने पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर दलित महिला अंजलि की मौत के मामले में आरोपी पुलिसकर्मियों पर हत्या की एफआईआर दर्ज करने को कहा है। इसके जवाब में पुलिस ने कार्रवाई के लिए तीन दिन का समय मांगा है। इससे पहले, रामजीलाल सुमन के नेतृत्व में सपा के एक प्रतिनिधिमंडल ने लभउआ गांव जाकर शोकाकुल परिवार से मुलाकात की और घटना की पूरी जानकारी ली।
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