
मुरैना (मध्य प्रदेश): मध्य प्रदेश के मुरैना जिले से मानवता को शर्मसार कर देने वाला एक मामला सामने आया है। यहां सोशल मीडिया पर एक दलित युवक के साथ मारपीट और अपमानजनक व्यवहार के वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मंगलवार को 30 वर्षीय आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह घटना हाल-फिलहाल की नहीं, बल्कि करीब सात महीने पुरानी है। गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान अंबा निवासी धर्मेंद्र सिंह तोमर के रूप में हुई है।
क्या है पूरा मामला?
मुरैना के पुलिस अधीक्षक (SP) समीर सौरभ ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी धर्मेंद्र और 20 वर्षीय पीड़ित युवक एक ही फ्रेंड सर्कल का हिस्सा थे और अक्सर साथ समय बिताते थे।
The Hindu के हवाले से एसपी ने बताया, "ये दोनों साथ में शराब पीते थे और यह घटना भी उसी दौरान नशे की हालत में हुई थी। वहां मौजूद उनके एक तीसरे दोस्त ने इस पूरी घटना को मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया था। बाद में जब उस तीसरे दोस्त का आरोपी धर्मेंद्र से किसी बात पर विवाद हुआ, तो उसने बदला लेने के लिए ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिए।"
वीडियो में दिखी दरिंदगी
सोशल मीडिया पर वायरल हुए दो वीडियो ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है। एक वीडियो में आरोपी धर्मेंद्र, पीड़ित युवक को जबरदस्ती उकड़ू (squat) बैठने पर मजबूर कर रहा है और उससे पैसों की वापसी को लेकर सवाल-जवाब कर रहा है। वहीं, दूसरे वीडियो में आरोपी सारी हदें पार करते हुए पीड़ित को थप्पड़ मारता दिख रहा है और उससे अश्लील हरकत करने का दबाव बना रहा है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
एसपी समीर सौरभ ने बताया कि मामले में पैसों के लेनदेन का एक छोटा पहलू भी सामने आया है, हालांकि यह घटना का मुख्य कारण नहीं लगता।
उन्होंने कहा, "पीड़ित ने भी इस बात से इनकार किया है कि मारपीट की वजह सिर्फ पैसे थे। वह इतना डरा हुआ था कि उसने न तो अपने परिवार को इस बारे में बताया और न ही पुलिस में शिकायत करने की हिम्मत जुटाई। जब पुलिस ने उससे संपर्क किया, तब भी वह शिकायत दर्ज कराने के लिए तैयार नहीं था।"
इसके बावजूद, वीडियो की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने खुद संज्ञान लिया और मामला दर्ज किया। केस दर्ज होने के महज दो घंटे के भीतर ही पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
इन धाराओं में हुआ मामला दर्ज
अंबा के अनुविभागीय पुलिस अधिकारी (SDPO) रवि सिंह भदौरिया ने कानूनी कार्यवाही की जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296 और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धारा 3(1)(e) के तहत अंबा पुलिस थाने में एफआईआर (FIR) दर्ज की गई है।
भदौरिया ने यह भी जानकारी दी कि पीड़ित युवक पहले आरोपी तोमर की गली में ही किराए के मकान में रहता था, लेकिन इस अपमानजनक घटना के बाद उसने वह घर छोड़ दिया और दूसरी जगह शिफ्ट हो गया।
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