
नई दिल्ली- फिजिक्स वॉलाह (PW) के एक शिक्षक पर दलित समुदाय के खिलाफ जातिवादी अपमानजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में शिक्षक छात्रों से कहते सुनाई दे रहे हैं कि “यह बड़ी बात है कि मैं कुछ-कुछ रवि किशन जैसा दिखता हूं, अगर मैं चोर च%$र जैसा दिखता तो मुश्किल हो जाती, कम से कम अब आप मुझे देखेंगे...” इस दौरान उन्होंने आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया, जिसे दलित समुदाय का अपमान माना जा रहा है।
फिजिक्स वाला (Physics Wallah - PW) ऐप अलख पांडे द्वारा निर्मित एक लोकप्रिय भारतीय एजुकेशनल प्लेटफॉर्म है, जो कक्षा 6-12, JEE, NEET और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए किफायती ऑनलाइन कक्षाएं, लाइव क्लासेस, वीडियो लेक्चर्स, नोट्स और मॉक टेस्ट प्रदान करता है। यह गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है, जो छात्रों को इंटरैक्टिव टूल्स और डाउट क्लियरिंग सेशन के माध्यम से सीखने में मदद करता है।
यह घटना पांडे के सहयोगी शिक्षक से जुड़ी बताई जा रही है। वीडियो को ‘दलित वॉइस’ अकाउंट ने शेयर करते हुए लिखा, “एक शिक्षक ने कक्षा में मेहनतकश समुदाय का अपमान किया, यहां तक कि ‘चोर $%#री’ जैसा जातिवादी गाली का इस्तेमाल किया। यह उन लोगों में मौजूद पूर्वाग्रह को दर्शाता है।”
वायरल वीडियो के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने भारी आक्रोश जताया है। कई यूजर्स ने फिजिक्स वॉलाह और अलख पांडे से तुरंत सख्त कार्रवाई की मांग की। एक यूजर ने लिखा, “अगर शिक्षक जातिवादी टिप्पणी कर रहा है तो दूसरों से क्या उम्मीद करें? PhysicswallahAP सख्त एक्शन लें सर।”
दूसरे यूजर्स ने इसे “regressive” और “शर्मनाक” बताया तथा समुदाय के प्रति पूर्वाग्रह का आरोप लगाया। कुछ यूजर्स ने शिक्षक को “Rishi Jain Economics teacher Hindi medium PW” के रूप में भी पहचाना, लेकिन PW की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
बढ़ते हुए बवाल के बीच PhysicsWallah संस्थान ने शनिवार को बयान जारी किया जिसमे लिखा:" PhysicsWallah किसी भी तरह की भेदभाव वाली या असंवेदनशील भाषा के प्रति ज़ीरो-टॉलरेंस पॉलिसी रखता है। हम एक फैकल्टी मेंबर की हाल की टिप्पणियों से बहुत चिंतित हैं, जो हमारे मुख्य मूल्यों और संस्थागत आचार संहिता का गंभीर उल्लंघन है।
इस मामले को पूरी गंभीरता से लेते हुए, फैकल्टी मेंबर को सीनियर डिसिप्लिनरी कमिटी द्वारा पूरी जांच होने तक तुरंत प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है।
हम कम्युनिटी से बिना शर्त माफी मांगते हैं। हम यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं कि हमारा प्लेटफॉर्म हर स्टूडेंट के लिए गरिमा और सम्मान की जगह हो।
संबंधित शिक्षक ने भी बिना शर्त माफी मांगी है और हमसे इसे शेयर करने का अनुरोध किया है।"
यह घटना ऐसे समय में आई है जब देशभर में UGC (Promotion of Equity in Higher Education Institutions) Regulations, 2026 को लेकर विरोध प्रदर्शन जारी हैं। सुप्रीम कोर्ट ने जनवरी 2026 में इन नियमों को “too sweeping” और “vague” बताते हुए, इनपर स्टे लगा दिया था। कोर्ट ने 19 मार्च को सुनवाई तय की थी, लेकिन सुनवाई नहीं हो सकी। अगली सुनवाई अगले सप्ताह होने की उम्मीद है। इस बीच दलित संगठन और छात्र समूह इन नियमों के लागू होने की मांग कर रहे हैं, जबकि सामान्य वर्ग के छात्रों ने इसका विरोध किया था।
फिजिक्स वॉलाह के इस विवाद को कई यूजर्स ने UGC इक्विटी रेगुलेशन्स विवाद से जोड़ते हुए कहा है कि शिक्षा संस्थानों में जातिवाद अभी भी मौजूद है और सख्त कानून की जरूरत है।
2023 में फिजिक्स वॉलाह के शिक्षक मनीष राज पर भी जातिवादी टिप्पणी का विवाद हुआ था। अगस्त 2023 में एक ऑनलाइन लेक्चर का वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने 'चमार' शब्द का इस्तेमाल करते हुए कहा था कि “भगवान ने उसे कैसी जिंदगी दी... उसे चमार पैदा होना चाहिए था ताकि जूते पॉलिश कर सके, जिंदगी शांतिपूर्ण होती।” इस टिप्पणी ने दलित समुदाय को आहत किया और सोशल मीडिया पर भारी आक्रोश फैला। विवाद के कुछ दिनों बाद, 24-25 अगस्त 2023 के आसपास मनीष राज ने वीडियो जारी कर माफी मांगी, कहा कि यह “अनजाने और अनइंटेंशनली” हुआ, वे शर्मिंदा हैं और दलित समुदाय से माफी चाहते हैं। फिजिक्स वॉलाह ने भी ऑफिशियल बयान में अफसोस जताया, कहा कि शिक्षक ने औपचारिक माफी मांगी है और कंपनी inclusivity को प्राथमिकता देती है।
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