
उत्तर प्रदेश: गाज़ियाबाद जिले में 23 वर्षीय एक मूक-बधिर दलित युवती, जिसके साथ कथित रूप से अपहरण और गैंगरेप की घटना हुई थी, को लोनी थाना क्षेत्र के एक गाँव में अपने घर पर फांसी के फंदे में लटकती हुई मिली। पुलिस ने इस बात की पुष्टि भी की है।
पुलिस के अनुसार, युवती को 18 अगस्त को तीन आरोपियों ने कथित रूप से अपहरण किया था और बाद में उसका यौन शोषण किया गया। घटना के बाद उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
पुलिस ने बताया कि युवती बुधवार रात घर लौट आई थी और बाद में वह अपने कमरे में पंखे से लटकी हुई मिली। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, उसने आत्महत्या की हो सकती है।
युवती के पिता, जो कालीन बेचकर जीवन यापन करते हैं, ने लौनी थाने में FIR दर्ज कराई और आरोप लगाया कि उनकी बेटी का गैंगरेप किया गया है। डीसीपी (ग्रामीण) सुरेंद्रनाथ तिवारी ने FIR की पुष्टि की और बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए विशेष टीम बनाई गई है।
अब तक तीन आरोपियों में से दो—रोहित (23) और भोला (45)—को गिरफ्तार किया जा चुका है। तीसरे आरोपी की तलाश जारी है।
जैसे ही शव पोस्टमार्टम के लिए ले जाया गया, कई बहुजन समाज पार्टी (BSP) कार्यकर्ता स्थानीय पुलिस थाना पर इकट्ठा हुए और न्याय की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बात कर सभी दोषियों को जल्द गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया है।
द मूकनायक की प्रीमियम और चुनिंदा खबरें अब द मूकनायक के न्यूज़ एप्प पर पढ़ें। Google Play Store से न्यूज़ एप्प इंस्टाल करने के लिए यहां क्लिक करें.
'द मूकनायक' जनवादी पत्रकारिता करता है. यह संविधान, लोकतंत्र और सामाजिक न्याय पर चलने वाला मीडिया समूह है। अगर आप भी चाहते हैं कि 'द मूकनायक' हमेशा हाशिए पर खड़े लोगों की आवाज बुलंद करता रहे, बेजुबानों की पीड़ा दिखाते रहें तो सब्सक्राइब करें।
यहां सब्सक्राइब करें