उत्तर प्रदेश: भदोही जिले से एक हैरान कर देने वाली वारदात सामने आई है। यहां एक दलित युवती का उसकी शादी से महज पांच दिन पहले कथित तौर पर अपहरण कर लिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) अभिनव त्यागी ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि युवती के पिता ने इस संबंध में लिखित शिकायत दी थी। इसी शिकायत के आधार पर रविवार शाम को सुरियावां थाना क्षेत्र के फत्तुपुर गांव के रहने वाले छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
आरोपियों की पहचान तेजू बिंद, उसके पिता शेषधर, उसकी मां मेवाती बिंद, शिवम बिंद, साहब लाल और रामनाथ बिंद के रूप में हुई है।
इन सभी आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 87, 351 और 352 के साथ-साथ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (SC/ST) अधिनियम के तहत सख्त मामला दर्ज किया गया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्राधिकारी (सीओ) अशोक मिश्रा को जांच सौंपते हुए युवती की जल्द और सकुशल बरामदगी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
एसपी अभिनव त्यागी ने बताया कि युवती की शादी 20 अप्रैल को होनी तय थी और परिवार में तैयारियां जोरों पर चल रही थीं। इसी बीच 6 और 7 अप्रैल की दरम्यानी रात को मुख्य आरोपी तेजू बिंद ने अपने एक साथी की मदद से पहली बार उसका अपहरण कर लिया था।
दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, पहली बार अपहरण होने के बाद परिजनों ने काफी खोजबीन की। उन्हें जानकारी मिली कि उनकी बेटी प्रयागराज में है। इसके बाद 12 अप्रैल को परिवार वाले प्रयागराज पहुंचे और वहां के एक कमरे से उसे वापस अपने घर ले आए।
उस समय घर में शादी का माहौल था और बारात आने में कुछ ही दिन बचे थे। इसी वजह से परिवार ने सामाजिक लोक-लाज के चलते उस वक्त पुलिस में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई और न ही कोई कानूनी कार्रवाई की।
हालांकि, आरोपियों के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्होंने दूसरी बार भी इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस के मुताबिक, 15 अप्रैल को जब युवती के परिवार वाले किसी काम से घर से बाहर गए हुए थे, तभी मौका पाकर आरोपियों ने उसे फिर से अगवा कर लिया। अब पुलिस सरगर्मी से आरोपियों की तलाश और युवती की बरामदगी में जुटी हुई है।
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