
उत्तर प्रदेश। लखनऊ अकबरनगर प्रथम में कार्रवाई के दूसरे दिन यानी बीते शुक्रवार को एलडीए व जिला प्रशासन की टीम ने 165 अवैध निर्माण जमींदोज किए। आज शनिवार सुबह फिर से ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू हुई। इस दौरान कुछ लोग विरोध पर उत्तर आये। लोगों ने अपने घरों को खाली करने से मना कर दिया। लोग सड़क पर इकट्ठा हो गया। इस पर सुरक्षा बलों ने खदेड़ कर भगाया। वहीं मकानों को खाली कराने के लिए बिजली और पानी के कनेक्शन काट दिए। जिसके बाद लोगों ने घर खाली करना शुरू कर दिया। जिसके बाद फिर से कार्रवाई शुरू हो सकी।
जानकारी के मुताबिक़ अकबर नगर प्रथम व द्वितीय में अब तक कुल 614 अवैध निर्माण ध्वस्त किए जा चुके हैं। इस अभियान में 15 पोकलेन मशीन, 12 जेसीबी और 15 वाटर टैंक लगाए गए हैं। सुबह सात से दोपहर दो बजे तक और फिर तीन बजे से रात आठ बजे तक कार्रवाई चल रही है। शुक्रवार को अकबरनगर के 79 आवंटियों को प्रधानमंत्री आवास का कब्जा दिया गया। शुक्रवार को 5वें दिन नगर निगम और एलडीए ने 165 मकानों को तोड़ा। 57 सीसीटीवी से निगरानी की गई। पूरे इलाके के बिजली कनेक्शन काट दिए गए। लोगों को जल्द घरों को खाली करने की चेतावनी दी गई है।
एलडीए अधिकारियों के मुताबिक़ यहां बने मंदिर, मस्जिद और मदरसे भी गिराए जाएंगे। करीब 1800 मकानों को गिराया जाना है। यहां के लोगों को वसंत कुंज में घर दिए जाने की बात कही जा रही है, लेकिन कई ऐसे परिवार हैं जिनको आवास नहीं मिला है। आशियाना उजड़ने के बाद अब वे किराए के घर में रहने को मजबूर हैं।
द मूकनायक को एलडीए उपाध्यक्ष इंद्रमणि त्रिपाठी ने बताया- '29 अप्रैल तक जिन लोगों ने घर के लिए अप्लाई किया था, उनको फ्लैट दिया गया है। जरूरतमंद लोगों को भी फ्लैट आवंटित किया जा रहा है। 1800 परिवारों को पीएम आवास का पत्र दिया जा चुका है। शिफ्टिंग के लिए 53 लोडर गाड़ियां लगाई गई हैं।अब तक 971 आवंटियों को कब्जा दिया जा चुका है।
शनिवार को जब कार्रवाई शुरू हुई तो अकबरनगर प्रथम में कुछ लोग मकान नहीं खाली कर रहे थे। प्रशासन के कई बार कहने पर भी इन्होंने सामान नहीं निकाला तो इनके मकानों की बिजली और पानी के कनेक्शन काट दिए गए। बिजली-पानी की आपूर्ति बंद होने पर सभी मकान खाली करने लगे।
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