झारखंड: राजधानी रांची में एक दलित महिला को कुएं से पानी भरने से रोकने और उसके साथ मारपीट करने का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। मंगलवार 13 अक्टूबर को पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इस घटना को लेकर एक ही परिवार के चार सदस्यों सहित कुल पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। दबंगों पर पीड़िता को जातिसूचक गालियां देकर प्रताड़ित करने का भी आरोप है।
यह पूरी घटना जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एचईसी स्मार्ट सिटी के सेक्टर 2 में 10 अक्टूबर को घटित हुई थी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने पुष्टि करते हुए बताया कि पीड़ित दलित महिला की पहचान मंजू चौधरी के रूप में हुई है और उन्होंने घटना वाले दिन ही थाने पहुंचकर पुलिस में अपनी शिकायत दर्ज करा दी थी।
इस मामले में एक नया मोड़ तब आया जब आरोपी परिवार ने भी सोमवार को पुलिस के समक्ष अपनी एक क्रॉस-शिकायत दर्ज करा दी। उन्होंने अपनी शिकायत में उल्टा पीड़ित दलित महिला पर ही उनके साथ मारपीट करने का आरोप लगाया है।
जगन्नाथपुर थाने के प्रभारी नितिन कुमार सिंह ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि मंजू चौधरी की ओर से दी गई लिखित शिकायत के आधार पर पुलिस ने ठोस कदम उठाया है। पुलिस ने अमरेंद्र कुमार, उनकी पत्नी रेमी देवी, उनके दो बेटों और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 और बीएनएस (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
थाना प्रभारी के मुताबिक, पीड़िता ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उसके घर के पास रहने वाले ये पांचों लोग उसे 23 जुलाई से अपने कुएं से पानी नहीं लेने दे रहे थे। इसके बाद 10 अक्टूबर को उन्होंने अचानक उसके साथ बेरहमी से मारपीट की और उसे निशाना बनाते हुए अपमानजनक जातिसूचक शब्दों का भी इस्तेमाल किया।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जांच कर रहे अधिकारी ने बताया कि पुलिस की शुरुआती छानबीन में यह बात निकलकर सामने आई है कि विवाद का केंद्र रहा कुआं मुख्य आरोपी अमरेंद्र के घर के परिसर में ही स्थित है।
पुलिस वर्तमान में महिला द्वारा लगाए गए उत्पीड़न और मारपीट के सभी गंभीर आरोपों की गहराई से पड़ताल कर रही है। पुलिस अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि एक बार जब यह जांच प्रक्रिया पूरी हो जाएगी, तो सामने आए सभी तथ्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त और उचित कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
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